Friday, September 25, 2015

इंदौर डायरी - 6

आज फिर उसका मोबाइल शांत पड़ा था। कोई मैसेज या कॉल नहीं। अचानक रात के 10 बजे उसका मोबाइल घनघनाया। उसने देखा तो एक अनजान नंबर से कॉल था। उसने कॉल नहीं उठाने का फैसला किया और सोचा गलत नंबर होगा और दो-तीन बार बजकर बंद हो जाएगा। लेकिन, वह लगातार 10-12 बार बजकर बंद हुआ और फिर से बजने लगा। अंततः उसने थक-हारकर कॉल रिसीव किया। उधर से किसी के रोने की आवाज आ रही थी। उसे समझते देर नहीं लगी कि कॉल किसका था।
‪#‎इंदौरडायरी‬ - 6

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